सीएम डॉ. यादव ने कहा थानों में बेकसूर लोगों को न फंसाया जाए और झूठी कार्रवाई न हो। निर्दोष लोगों को फंसाने वाले अधिकारी कर्मचारी पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।

भोपाल। कुशाभाऊ ठाकरे कन्वेशन सेंटर (मिंटो हॉल) में सोमवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कानून व्यवस्था के संबंध में भोपाल संभाग की समीक्षा की। बैठक में उन्होंने कहा कि ऐसी व्यवस्था करें कि किसी भी जुलूस का संचालन देर रात तक न हो, आयोजन निश्चित समय सीमा में पूर्ण हों। लोग कानून का पालन करते हुए सभी काम करें। साथ ही भोपाल में जोन और पुलिस थानों की सीमाओं के प्रस्तावित युक्तिकरण का कार्य जनप्रतिनिधियों की सहमति से करने के भी निर्देश दिए। इस दौरान राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा, खेल एवं युवा कल्याण, सहकारिता मंत्री विश्वास सारंग, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री कृष्णा गौर उपस्थित रहीं।

निर्दोष को फंसाने वाले पर होगी कठोर कार्रवाई :
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अपराध और ठगी के सामने आ रहे नए तरीकों पर नियंत्रण करने और इस संबंध में लोगों को जागरूक करने के लिए विशेष कार्रवाई की जाए। थानों में बेकसूर लोगों को न फंसाया जाए और झूठी कार्रवाई न हो। निर्दोष लोगों को फंसाने वाले अधिकारी कर्मचारी पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।

गलत फंसाए गए लोगों को उपलब्ध कराएं कानूनी सहायता :
मुख्यमंत्री ने सभी जिला कलेक्टर्स को जेलों का औचक निरीक्षण करने के निर्देश दिए। प्रदेश के सभी जेलों में बंदियों की स्थिति का विश्लेषण कर 15 दिन में रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कैदियों के पुनर्वास के लिए जेलों में कौशल संबंधी व्यवसायिक प्रशिक्षण दिया जाए। जेलों में बंद गलत फंसाए गए लोगों को विधिक सहायता उपलब्ध कराई जाए।

डीजे की जगह बैंड बाजे का हो उपयोग :
सीएम ने कहा कि डीजे संचालन में लगे युवाओं के पुनर्वास के लिए विश्वकर्मा योजना सहित नगरीय निकायों के साथ मिलकर रोजगार की अन्य योजनाएं संचालित करें। विवाह अवसरों पर बैंड-बाजे के उपयोग की परंपरा है। इसे प्रोत्साहित करने आवश्यक प्रशिक्षण दें। उन्होंने 15 अगस्त तक पुलिस बैंड की बेहतर व्यवस्था करने के निर्देश दिए।

अलग मांस बाजार विकसित हों :
शहर में जगह जगह खुल रही मांस की दुकानों पर लगाम लगाने और एक विशेष क्षेत्र में मांस बाजार विकसित करने के निर्देश दिए। इसके लिए नगर निगम और नगर पंचायतों को बजट देने की भी बात कही गई। बैठक में गंभीर अपराधों में आदतन अपराधियों की जमानत निरस्तीकरण, महिला अपराधों पर नियंत्रण, मादक पदार्थों पर कार्रवाई, नाबालिग बालक-बलिकाओं की बरामदगी, साइबर क्राइम पर की गई कार्रवाई और नवाचारों के संबंध में जानकारी दी गई।

Harabhara Vatan

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